Apr 18, 2026

चारधाम यात्रा में पहली बार: मार्गों पर स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए बायो-टॉयलेट तकनीक पर आधारित वॉटरलेस यूरिनल

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देहरादून। आगामी चारधाम यात्रा-2026 को अधिक सुगम, स्वच्छ और यात्री-अनुकूल बनाने के लिए परिवहन विभाग ने इस बार कई क्रांतिकारी कदम उठाए हैं। चेकिंग और वाहनों की व्यवस्था के पारंपरिक कार्यों से आगे बढ़ते हुए, विभाग ने पहली बार यात्रियों के लिए 'ट्रैवल किट' और यात्रा मार्ग पर आधुनिक 'वॉटरलेस यूरिनल' स्थापित करने का निर्णय लिया है। इन नई सुविधाओं का उद्देश्य हिमालयी क्षेत्रों में स्वच्छता बनाए रखना और यात्रियों के स्वास्थ्य का ध्यान रखना है। उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी ने बताया कि यात्रा मार्ग में स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए पहली बार वॉटरलेस यूरिनल लगाए जा रहे हैं। शुरुआती चरण में सात यूरिनल मंगाए गए हैं। ये आधुनिक यूरिनल ट्रेनों में लगे बायो-टॉयलेट की तकनीक पर आधारित हैं, जो यूरिन से पानी और यूरिया को अलग कर देते हैं। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसमें दुर्गंध नहीं आती और पानी की खपत न होने के कारण गंदगी की संभावना शून्य हो जाती है।

लंबी दूरी की पहाड़ी यात्रा के दौरान होने वाली असुविधाओं को देखते हुए परिवहन विभाग चेकपोस्ट के माध्यम से यात्रियों को एक विशेष 'ट्रैवल किट' उपलब्ध कराएगा। इस किट में पाँच उपयोगी वस्तुएं शामिल होंगी:
वोमिटिंग बैग: पहाड़ी रास्तों पर सफर के दौरान होने वाली जी-मिचलाने की समस्या के लिए।
यूरिनल बैग: आपातकालीन स्थिति के लिए।
सेनेटाइजर: स्वच्छता बनाए रखने हेतु।
वेट वाइप्स: तरोताजा महसूस करने के लिए।
वेस्ट बैग: कूड़ा-कचरा इधर-उधर फेंकने के बजाय उसे सुरक्षित रखने के लिए छोटा बैग।
यह किट वाहनों में मौजूद यात्रियों की संख्या के आधार पर चेकपोस्ट से वितरित की जाएगी।

यात्रियों की सुविधा के लिए नारसन चेकपोस्ट पर एक आधुनिक वेटिंग रूम बनाने का फैसला किया गया है। यहाँ यात्रियों को ग्रीन कार्ड बनवाने की सुविधा भी मिलेगी। कार्ड बनने की प्रक्रिया के दौरान यात्री इस वेटिंग रूम में आराम कर सकेंगे, जहाँ कूलर, हाई-स्पीड इंटरनेट और मनोरंजन के लिए एलईडी (LED) टीवी की सुविधा उपलब्ध होगी। यात्रा के सुचारू संचालन के लिए देहरादून जिले में पाँच और सोनप्रयाग में एक विशेष चेकपोस्ट बनाई गई है। सामान्य चेकिंग दलों के अतिरिक्त, यात्रा मार्ग पर नौ सचल दल (Mobile Teams) तैनात किए जाएंगे, जो वाहनों की आवाजाही और यात्रियों की सुरक्षा पर 24 घंटे पैनी नजर रखेंगे। परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों की संख्या के अनुरूप पर्याप्त वाहनों की व्यवस्था भी पूरी कर ली गई है।